डीएओ सदानंद चौधरी ने बताया कि डीकंपोजर कैप्सूल और लिक्विड दोनों में आता है. 200 लीटर पानी में 2 किलो गुड़ और एक शीशी लिक्विड के घोल को तैयार कर 4 से 5 दिन तक उसी अवस्था में छोड़ देना चाहिए. इसके बाद घोल को पराली पर छिड़क देना चाहिए और कुछ दिन बाद हल्की सिंचाई केबाद जुताई कर देनी चाहिए. इस प्रकार पराली सड़कर जैविक खाद में तब्दील हो जाती है.

