Mala Japne Ka Tareeka: माला जप हमेशा एक निश्चित संख्या में और एक निश्चित समय पर करें. माला जपने के बाद जिस आसन पर बैठे हैं, उसके नीचे दो बूंद जल गिराकर माथे से लगाएं. माला जपते समय इस बात का ध्यान रखें कि माला ढकी हुई हो और किसी को दिखाई न दे. Post navigation हृदय रोग में रामबाण है ये काली चीज, स्किन और अर्थराइटिस में कारगर अयोध्या की तरह यहां भी मनाया जाता है दीपोत्सव, 5 दिनों तक दीये जलाते हैं भक्त