Baghpat News: खेकड़ा निवासी वाहिद अंसारी ने बताया कि पहले वह घर-घर जाकर चादर बेचने का काम करते थे. कई जगह नौकरी करने के बाद भी परिवार का पालन पोषण अच्छे से नहीं हो पा रहा था, जिसके बाद अधिकारियों से जाकर मिलना हुआ और सरकार से मदद प्राप्त हुई. इसके बाद उन्होंने खेकड़ा हैंडलूम के नाम से अपनी एक फैक्ट्री लगाई. जिसमें वह चादर, बेडशीट व अन्य चीज तैयार करते हैं. जिससे उन्हें अच्छा खासा मुनाफा मिलता है.

