प्रसिद्ध कथावाचक ने चूड़ियों को अखंड सौभाग्यवती होने का प्रतीक बताया. उन्होंने कहा कि आज भी महिलाएं शादी के बाद फिरोजाबाद की कांच की चूड़ियों से खुद को सजाती हैं. Post navigation BJP ही नहीं, हर घर तक पहुंचने का प्लान बना रहा RSS, वो कौन से मुद्दे हैं? Baghpat News: एक दिन के लिए SP बनी मजदूर की बेटी, कई मामले भी निपटाए