दिवाली में घर जाने के लिए एक यात्री कोच में चढ़ नहीं पा रहा था, उसी दौरान एक खाली कोच दिखा और उसमें चढ़ गया. बैठकर सफर शुरू किया, कुछ देर बाद टीटी आ गया और सब कबाड़ा हो गया. Post navigation जिला जेल में दीपावली पर महिला बंदियों ने बनाए डिजाइनर दीये और मोमबत्तियां लंबे समय से चलती आ रही सिसवा बाजार की रामलीला, स्थानीय कलाकारों का अहम योगदान