Navratri 2024: मंदिर के पुजारी और स्थानीय लोग बताते हैं कि इस स्थान पर पहले घना जंगल हुआ करता था. वर्षों पहले इसी जंगल में जमीन को चीरते हुए मां काली का मुखड़ा प्रकट हुआ था. Post navigation 1000 से ज्यादा मूक-बधिर बच्चों को किया शिक्षित, PM मोदी से मिली सराहना चाची-भतीजे की प्रेम कहानी, प्यार में दोनों कर बैठे गलती, फिर साथ निकली अर्थी