Mahakumbh 2025: योगानंद गिरी महाराज के अनुसार, नगर प्रवेश का उद्देश्य केवल धार्मिक यात्रा करना नहीं है बल्कि यह एक प्रकार से धार्मिक शक्ति और शस्त्रों की परंपरा को सम्मानित करने का अवसर है. जब साधु संत और नागा सन्यासी अपने दल बल के साथ नगर में प्रवेश करते हैं, तो वे इस यात्रा के दौरान शस्त्रों का परिचय भी देते हैं.
