शुभ मुहूर्त में दोपहर 12 बजे वैदिक विधि-विधान के साथ तिलक चढ़ाया जाएगा. इस आयोजन की विशेषता यह है कि इसमें जनकपुर से आईं सीता जी की सखियां और 501 प्रकार के नेग शामिल होंगे. Post navigation न मशीन की जरूरत…न कोई नौकर, इस काम को घर बैठे कर सकते हैं आप इस फसल की करें खेती, 70 दिन में हो जाती है तैयार, किसान 20 साल से कर रहा खेती