डॉ. अरुण ने गोबर का इस्तेमाल कर दीपक, भगवान राम की मूर्तियां, और धूपबत्ती जैसे कई उत्पाद बनाए हैं. ये न सिर्फ पर्यावरण के अनुकूल हैं, बल्कि बाजार में इनकी भारी मांग भी है. Post navigation कंप्यूटर से भी तेज है इस बच्चे का दिमाग, याद हैं 21 ग्रंथों के 3100 श्लोक चित्रकूट: कामदगिरि पर्वत की महाआरती का समय बदला, नोट कर लें टाइमिंग